Breaking News
पितृपक्ष मेले से पहले प्रशासन का बड़ा एक्शन प्लान, 21 कोषांग गठित; जानिए क्या-क्या होगा..?

पितृपक्ष मेला-2026 को सुरक्षित, स्वच्छ और श्रद्धालु-अनुकूल बनाने के लिए गया जिला प्रशासन ने व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं। 25 सितंबर से 10 अक्टूबर तक आयोजित होने वाले मेले के सफल संचालन को लेकर 21 कोषांगों का गठन किया गया है। प्रत्येक कोषांग में वरीय नोडल पदाधिकारी, नोडल पदाधिकारी और सदस्यों की नियुक्ति कर समयबद्ध कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया गया है।
जिला परिषद सभागार में आयोजित पहली समीक्षा बैठक की अध्यक्षता जिलाधिकारी शशांक शुभंकर ने की। बैठक में समाजसेवियों, पंडा-पुरोहितों और विभिन्न विभागों के अधिकारियों से सुझाव लिए गए। डीएम ने कहा कि पिछले वर्ष की तरह इस बार भी मेले को और बेहतर बनाया जाएगा। उन्होंने जिलेवासियों से भी सुझाव आमंत्रित करते हुए ppmhasangam@gmail.com पर अपने सुझाव भेजने की अपील की।

प्रशासन ने आवास, स्वच्छता, पेयजल, स्वास्थ्य, बिजली, सड़क, यातायात, सुरक्षा, सूचना प्रबंधन और आपदा प्रबंधन पर विशेष जोर दिया है। होटल, धर्मशाला, विद्यालयों सहित अन्य भवनों में आवास की व्यवस्था की जाएगी, वहीं जरूरत पड़ने पर टेंट सिटी भी विकसित होगी। हर 200 से 500 मीटर पर पेयजल, पर्याप्त शौचालय और नियमित सफाई सुनिश्चित की जाएगी।

विष्णुपद मंदिर और प्रमुख घाटों पर 24 घंटे स्वास्थ्य शिविर, एम्बुलेंस और चिकित्सकों की तैनाती रहेगी। पूरे मेला क्षेत्र में सीसीटीवी निगरानी, अस्थायी पुलिस शिविर और व्यापक ट्रैफिक प्लान लागू होगा। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए वेबसाइट, मोबाइल ऐप, हेल्प डेस्क, खोया-पाया केंद्र और 24×7 कॉल सेंटर भी संचालित किए जाएंगे।
जिलाधिकारी ने सभी विभागों को निर्देश दिया कि निर्धारित समय सीमा में सभी तैयारियां पूरी कर पितृपक्ष मेला-2026 को श्रद्धालुओं के लिए सुरक्षित, सुव्यवस्थित और यादगार बनाया जाए।