बोधगया के बौद्ध मठों को हाईकोर्ट से बड़ी राहत, भिक्षुओं के खिलाफ केस खारिज
पटना हाईकोर्ट ने बोधगया के विभिन्न बौद्ध मंदिरों और मठों के प्रभारी भिक्षुओं के खिलाफ दायर मामलों को खारिज कर दिया। कोर्ट रूम नंबर-11 में कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश ने मामले की सुनवाई की। बोधगया होटल एसोसिएशन के सचिव सुदामा कुमार की ओर से मठों और भिक्षु प्रभारियों के खिलाफ मामले दायर किए गए थे।
बोधगया मठ संघ के अध्यक्ष भिक्षु प्रियपाल ने बताया कि बुधवार को सुनवाई के दौरान उन्हें और अन्य बौद्ध भिक्षुओं को अपना पक्ष रखने का अवसर दिया गया। न्यायालय ने उनकी बातों को ध्यानपूर्वक सुना। वहीं, सुनवाई के दौरान बोधगया होटल एसोसिएशन की ओर से अधिवक्ता ने मठों और मंदिरों के प्रभारियों पर कई गंभीर आरोप लगाए।
बोधगया होटल एसोसिएशन ने वर्ष 2017 में पटना हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की थी। इसमें आरोप लगाया गया था कि बोधगया के कई बौद्ध मठों में बिना स्वीकृत नक्शे के भवन निर्माण कर गेस्ट हाउस, दुकान और अन्य व्यावसायिक गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। एसोसिएशन का दावा था कि ऐसी गतिविधियों से स्थानीय होटल कारोबार प्रभावित हो रहा है। हाईकोर्ट के ताजा आदेश से मामले में मठ प्रबंधन से जुड़े पक्षों को राहत मिली है।



प्लेटफार्म संख्या 6 पर ट्रेन संख्या 03254 चेरापल्ली-पटना समर स्पेशल पहुंची। संयुक्त जांच के दौरान ट्रेन के एस/3 कोच से चार बैग लावारिस हालत में मिले। बैगों की तलाशी लेने पर 22 बंडलों में कुल 22.211 किलोग्राम गांजा जैसा मादक पदार्थ बरामद हुआ।






