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लाभुकों को कम अनाज देने पर सख्ती: आमस और बोधगया के दो पीडीएस डीलरों पर गिरी गाज,2 एमओ से 24 घंटे में स्पष्टीकरण

जिले में जन वितरण प्रणाली के माध्यम से लाभुकों को निर्धारित मात्रा में खाद्यान्न उपलब्ध कराने को लेकर जिला आपूर्ति पदाधिकारी द्वारा लगातार निगरानी एवं जांच की जा रही है।
इसी क्रम में आमस प्रखंड के ग्राम पंचायत आमस के जन वितरण प्रणाली विक्रेता मोहन सिंह के विरुद्ध लाभुकों को निर्धारित मात्रा से कम खाद्यान्न दिए जाने की शिकायत पर जिला आपूर्ति पदाधिकारी, गया द्वारा औचक जांच की गई। जांच के दौरान कुछ लाभुकों को निर्धारित मात्रा से कम खाद्यान्न दिए जाने की पुष्टि हुई। लाभुकों के बयान के आधार पर विक्रेता की कार्यशैली में गंभीर लापरवाही सामने आई। मामले में जिला आपूर्ति पदाधिकारी द्वारा अनुज्ञप्ति रद्द करने की कार्रवाई प्रारंभ की गई है।
इसी प्रकार बोधगया प्रखंड के ग्राम पंचायत बकरौर के जन वितरण प्रणाली विक्रेता लखन पासवान के विरुद्ध भी कम मात्रा में खाद्यान्न वितरण की शिकायत प्राप्त हुई थी। जिला आपूर्ति पदाधिकारी द्वारा की गई जांच में कुछ लाभुकों को निर्धारित मात्रा से कम खाद्यान्न दिए जाने की पुष्टि हुई। लाभुकों के बयान के आधार पर विक्रेता की कार्यशैली में गंभीर लापरवाही पाए जाने पर अनुज्ञप्ति रद्द करने की कार्रवाई प्रारंभ की गई है।

उक्त दोनों मामलों को गंभीरता से लेते हुए जिला पदाधिकारी, गया द्वारा प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी, आमस एवं प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी, बोधगया से स्पष्टीकरण मांगा गया है। जिला पदाधिकारी ने कहा कि प्रखंड क्षेत्र के जन वितरण प्रणाली विक्रेताओं का नियमित अनुश्रवण एवं प्रभावी पर्यवेक्षण सुनिश्चित करना संबंधित पदाधिकारियों की जिम्मेदारी है। इसमें लापरवाही प्रथम दृष्टया गंभीर कर्तव्यहीनता को दर्शाती है।
दोनों प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारियों को 24 घंटे के अंदर स्पष्टीकरण समर्पित करने का निर्देश दिया गया है।
जिला आपूर्ति पदाधिकारी ने कहा है कि जन वितरण प्रणाली में किसी भी प्रकार की अनियमितता, निर्धारित मात्रा से कम खाद्यान्न वितरण अथवा लाभुकों के अधिकारों में कटौती को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। शिकायत प्राप्त होने पर जांच कर दोषी पाए जाने वाले जन वितरण प्रणाली विक्रेताओं एवं संबंधित पदाधिकारियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

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